Skip to main content

चमेली और चाय के पौधे के तेल से अपने चेहरे को रखें एकदम फ्रेश, मुंहासे भी रहेंगे गर्मियों में दूर


गर्मियों का मौसम शुरू हो चुका है और इसका मतलब है कि आपकी त्वचा को ताजा और हाइड्रेटेड रखने के लिए पोषण की एक एक्सट्रा डोज की जरूरत है

चमेली और चाय के पौधे के तेल से अपने चेहरे को रखें एकदम फ्रेश, मुंहासे भी रहेंगे गर्मियों में दूर
स्लगिंग फॉर स्किन केयर

गर्मियों का मौसम शुरू हो चुका है और इसका मतलब है कि आपकी त्वचा को ताजा और हाइड्रेटेड रखने के लिए पोषण की एक एक्सट्रा डोज की जरूरत है. एक DIY हाइड्रेटिंग mist केवल ये है कि आपको ये सुनिश्चित करने की जरूरत है कि आपकी त्वचा कोमल, ताजा बनी हुई है और मुंहासे, संक्रमण और टैनिंग से सुरक्षित है

यही वजह है कि हम आपके लिए चमेली और चाय के पौधे के तेल के चेहरे की Mist वाला उपाय लेकर आए हैं जो गर्मी के मौसम में सभी के लिए बेहद जरूरी है. खासतौर से ये मुंहासे से इनफेक्टेड त्वचा के लिए एक बेहतरीन घरेलू उपाय है

चमेली का तेल एक आवश्यक तेल है, जो आम चमेली के पौधे के सफेद फूलों से प्राप्त होता है और इसमें जीवाणुरोधी गुण होते हैं. तेल का एंटीसेप्टिक प्रभाव विभिन्न बैक्टीरिया, त्वचा के संक्रमण से लड़ता है और इसमें एक cicatrizing प्रभाव होता है जो स्कार इश्यू के फॉर्मेशन के जरिए घाव को भरता है.

दूसरी ओर, टी ट्री ऑयल, एक आवश्यक तेल है जो मेलेलुका अल्टिफोलिया की पत्तियों से निकाला जाता है, जो क्वींसलैंड और न्यू साउथ वेल्स, ऑस्ट्रेलिया का एक छोटा पेड़ है. सदियों से, ऑस्ट्रेलिया के आदिवासियों ने इसका उपयोग खांसी, सर्दी और उनकी त्वचा को ठीक करने के लिए किया है. चाय के पेड़ के तेल को व्यापक रूप से मुंहासे के खिलाफ एक शक्तिशाली उपकरण माना जाता है और इसका उपयोग घावों को ठीक करने के लिए किया जा सकता है, बग के काटने पर ये राहत देता है और इसके विरोधी भड़काऊ गुणों के कारण जिल्द की सूजन संबंधी लक्षणों की गंभीरता को कम कर सकता है.

तो बिना ज्यादा वक्त बर्बाद किए, आइए इस DIY हाइड्रेटिंग Mist को तैयार करें-

यहां हम आपको वो सामग्रियां बता रहे हैं, जिसकी जरूरत इसे बनाने में होगी-

4 आउंस ग्लास/हार्ड प्लास्टिक स्प्रे बोतल

1/3 ग्लास डिस्टिल्ड वॉटर

1 ऑर्गेनिक ग्रीन टी बैग

1 छोटा फ्रेश खीरा

1 टेबलस्पून जैस्मिन ऑयल

1 टेबलस्पून विटामिन ई ऑयल

1 टेबलस्पून एलोवेरा

यहां आपकी जैस्मीन और चाय बनाने के लिए एक स्टेप-बाय-स्टेप गाइड भी हम बता रहे हैं-

स्टेप 1: उबले हुए आसुत पानी के आधे कप में ग्रीन टी बैग को डुबोएं

स्टेप 2: पांच मिनट के बाद बैग को हटा दें, और चाय को ठंडा होने दें

स्टेप 3: चाय के ठंडा हो जाने के बाद, स्ट्रेस्ड चाय के साथ स्प्रे बोतल में टी ट्री ऑयल, एलोवेरा, विटामिन ई तेल और चमेली का तेल डालें. लगभग पांच मिनट के लिए व्यवस्थित होने दें

स्टेप 4: खीरे को छीलें और काटें और इसे फूड प्रोसेसर में टॉस करें. ककड़ी स्ट्रेन निकालने के लिए एक चीजक्लोथ के जरिए खीरे को एक्सट्रैक्ट दें और फिर इसे स्प्रे बोतल में एड करें

स्टेप 5: स्प्रे बोतल को हिलाएं और अब आप Mist का इस्तेमाल करने के लिए पूरी तरह से तैयार हैं

चमत्कारिक चमेली और चाय के पौधे के तेल के अलावा हरी चाय में एंटी-इंफ्लेमेटरी गुण होते हैं, जबकि खीरा त्वचा को हाइड्रेट करता है. अगर आप अपनी त्वचा को मॉइस्चराइज करना चाहते हैं, तो चमेली और चाय के पौधे के तेल के चेहरे की Mist को स्प्रे करें, थोड़ा मॉइस्चराइजिंग क्रीम पर ब्रश दें और इसे अपनी उंगलियों के साथ चारों ओर फैलाएं, जब तक कि ये पूरी तरह से अंदर न हो जाए

Comments

Popular posts from this blog

मकर संक्रांति 2021 तिथि, शुभ मुहूर्त | मकर संक्रांति क्यों मनाई जाती है?

मकर संक्रांति मकर संक्रांति  का भारतीय धार्मिक परम्परा में विशेष महत्व है, क्योंकि इस दिन सूर्य धनु राशि को छोड़ कर मकर राशि में प्रवेश कर उत्तरायण में आता है। शास्त्रों के अनुसार यह सकारात्मक ऊर्जा का प्रतीक है और इसीलिए इस दिन जप, तप, दान, स्नान का विशेष महत्व है।  मकर संक्रांति  परंपरागत रूप से 14 जनवरी या 15 जनवरी को मनाई जाती आ रही है।  मकर संक्रांति  में ‘मकर’ शब्द मकर राशि को इंगित करता है जबकि ‘संक्रांति’ का अर्थ संक्रमण अर्थात प्रवेश करना है।  मकर संक्रांति  के दिन सूर्य धनु राशि से मकर राशि में प्रवेश करता है। एक राशि को छोड़कर दूसरे में प्रवेश करने की इस विस्थापन क्रिया को संक्रांति कहते हैं। शास्त्रों के नियम के अनुसार रात में संक्रांति होने पर अगले दिन भी संक्रांति मनाई जाती है। मकर संक्रांति  के दिन सूर्य दक्षिणायन से अपनी दिशा बदलकर उत्तरायण हो जाता है अर्थात सूर्य उत्तर दिशा की ओर बढ़ने लगता है, जिससे दिन की लंबाई बढ़नी और रात की लंबाई छोटी होनी शुरू हो जाती है। भारत में इस दिन से बसंत ऋतु की शुरुआत मानी जाती है। अत:  मकर संक्रांति  को उत्तरायण के नाम से भी जाना जाता है। तम

रफत वारसी भाजपा अल्पसंख्यक मोर्चा प्रदेश अध्यक्ष बनाये गए

मध्य प्रदेश भाजपा अल्पसंख्यक मोर्चे की जवाबदारी प्रदेश के  युवा व वरिष्ठ नेता श्री रफत वारसी के हाथों में  मध्य प्रदेश भाजपा प्रदेश अध्यक्ष श्री विष्णु दत्त शर्मा ने मध्य प्रदेश के भाजपा संगठन का विस्तार किया है जिसमें मोर्चे के नए प्रदेश अध्यक्षों की भी नियुक्ति की गई है जिसमें मध्य प्रदेश के वरिष्ठ व युवा नेता श्री रफत वारसी को भाजपा अल्पसंख्यक मोर्चा का प्रदेश अध्यक्ष बनाकर भाजपा अल्पसंख्यक मोर्चा की जवाबदारी सौंपी गई है श्री रफत वारसी मध्यप्रदेश में एक उभरते हुए अल्पसंख्यक चेहरे है और भाजपा आलाकमान ने नए चेहरे के रूप में श्री वारसी साहब को यह नई जवाबदारी सौंपी है जिससे मध्य प्रदेश में भाजपा अल्पसंख्यक मोर्चा और मजबूत होने की संभावना बढ़ गई है वर्तमान में भाजपा अल्पसंख्यक मोर्चा में नई और युवा पीढ़ी के लोग अधिकतर काम कर रहे हैं और वारसी साहब के प्रदेश अध्यक्ष बनाए जाने से इसमें और अधिक वृद्धि होगी क्योंकि नए प्रदेश अध्यक्ष श्री वारसी साहब मध्यप्रदेश में अल्पसंख्यक समाज में अपनी गहरी पैठ रखते हैं उनके प्रदेश अध्यक्ष बनाए जाने से भारतीय जनता पार्टी अल्पसंख्यक मोर्चा बेहतर

शहीद हसमत वारसी जी के सुपुत्र रफत वारसी को मिला प्रदेश में महत्वपूर्ण पद

    शहीद हसमत वारसी जी  के सुपुत्र रफत वारसी को मिला प्रदेश में महत्वपूर्ण  पद          वी डी शर्मा जी ने गले लगा कर दी बधाई      मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान जी से आशीर्वाद लेते हुए       वी डी  शर्मा जी भाजपा प्रदेश अध्यक्ष  ने दिया आशीर्वाद          अपनी माँ परवीन वारसी जी से दुआयें  लेते हुए रफत वारसी ने किया पदभार ग्रहण 17 जनवरी 2021 को भाजपा अल्पसंख्यक मोर्चा के नव नियुक्त प्रदेश अध्यक्ष रफत वारसी ने किया पदभार ग्रहण रफत वारसी ने कहा मुस्लिम समाज में कई तरह के भ्रम हैँ जिन्हे दूर करने के लिए एक दल के साथ पुरे प्रदेश का भ्रमण करेंगे ! साथ ही उन्होंने पदभार ग्रहण में आये हुए  सभी  साथियों का तहे दिल से शुक्रिया  अदा किआ 

SHOP WITH US Apparel & Accessories