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सोमवार को टीकाकरण ने फिर पकड़ी रफ्तार, आंकड़ा 3.81 लाख पार

  • अब तक कुल 580 प्रतिकूल घटनाएं आईं सामने, 2 लोगों की मौत।
  • सोमवार को 1.48 स्वास्थ्यकर्मियों को लगाई गई कोरोना वैक्सीन।
  • कोरोना वैक्सीन के चलते अभी तक नहीं हुई है किसी की मौत।

नई दिल्ली। भारत में कोरोना वायरस टीकाकरण की शनिवार को शुरुआत के बाद रविवार को कुल संख्या पहले दिन की अपेक्षा 10 फीसदी से भी कम रह जाने के बाद बढ़ी चिंताए सोमवार को कम हो गईं। सोमवार शाम पांच बजे तक देश भर के 25 राज्यों में टीकाकरण पाने वालों की कुल संख्या 3.81 लाख पार कर गई। वहीं, केंद्र सरकार के मुताबिक अब तक टीकाकरण के बाद कोई गंभीर या बड़ा प्रतिकूल प्रभाव नहीं देखा गया है।

केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय के मुताबिक सोमवार शाम पांच बजे तक देशभर में कोरोना वायरस का टीका पाने वालों की कुल संख्या 3,81,305 पहुंच गई। जबकि टीकाकरण के बाद कुल 580 प्रतिकूल घटनाएं देखने को मिली। इनमें सेे सात लोगों को अस्पताल में भर्ती कराया गया।

इनमें से दिल्ली में सामने आए तीन में से दो को डिस्चार्ज कर दिया गया जबकि तीसरे व्यक्ति को बेहोशी आने पर पटपड़गंज स्थित मैक्स अस्पताल में इलाज किया जा रहा है। वहीं, उत्तराखंड में एक व्यक्ति की हालत स्थिर है और वह ऋषिकेश के एम्स के डॉक्टरों की देखरेख में है।

छत्तीसगढ़ में सामने आए एक व्यक्ति को राजनंदगांव के सरकारी मेडिकल कॉलेज में देखरेख में रखा गया है। जबकि कर्नाटक में सामने आए दो मामलों में से एक व्यक्ति ठीक है, वहीं दूसरे की चित्रदुर्ग के जिला अस्पताल में देखरेख की जा रही है।

इसके अलावा स्वास्थ्य मंत्रालय के अपर सचिव मनोहर अगनानी ने सोमवार को आयोजित एक पत्रकार वार्ता में बताया कि अब तक कोरोना वायरस की वैक्सीन पाने वाले दो स्वास्थ्यकर्मियों की मौत हो गई है। इनमें से उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद निवासी एक 52 वर्षीय व्यक्ति को 16 जनवरी को वैक्सीन दी गई और उसकी 17 जनवरी की शाम मौत हो गई। तीन डॉक्टरों द्वारा किए गए पोस्टमार्टम के बाद आई उसकी रिपोर्ट में पता चला कि मौत की वजह हृदय एवं फेफड़ों की बीमारी रही और इसलिए वैक्सीनेशन को मौत की वजह नहीं कहा जा सकता।

जबकि कर्नाटक के बेल्लारी में 43 वर्षीय पुरुष स्वास्थ्यकर्मी की 16 जनवरी को टीका लगाए जाने के बाद 18 जनवरी को मौत हो गई। विजयनगर इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेंज में किए गए पोस्टमार्टम में सामने आई रिपोर्ट के मुताबिक मौत की वजह हृदय एवं फेफड़ों के खराब होने के साथ ही अन्य भी थीं। स्वास्थ्य मंत्रालय के मुताबिक इसकी वजह भी वैक्सीनेशन नहीं कही जा सकती।

स्वास्थ्य मंत्रालय के मुताबिक टीकाकरण के बाद के प्रतिकूल प्रभावों में हल्का दर्द, इंजेक्शन की जगह पर हल्की सूजन, हल्का बुखार, उल्टी, चक्कर आना, हल्की एलर्जी आदि शामिल हैं।

सोमवार को देश भर में कुल 7,704 टीकाकरण सेशन आयोजित किए गए। सोमवार को देश भर के 25 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में 1,48,266 लोगों को कोरोना वायरस के खिलाफ टीका दिया गया।

इनमें आंध्र प्रदेश में 9,758, अरुणाचल प्रदेश 1,054, असम 1,822, बिहार 8,656, छत्तीसगढ़ 4,459, दिल्ली 3,111, हरियाणा 3,486, हिमाचल प्रदेश 2,914, जम्मू एवं कश्मीर 1,139, झारखंड 2,687, कर्नाटक 36,888, केरल 7,070, लक्षद्वीप 180, मध्य प्रदेश 6,665, मणिपुर 291, मिजोरम 220, नागालैंड 864, ओडिशा 22,579, पुडुच्चेरी 183, पंजाब 1,882, तमिलनाडु 7,682, तेलंगाना 10,352, त्रिपुरा 1,211, उत्तराखंड 1,579 और पश्चिम बंगाल 11,588 का टीकाकरण शामिल रहा।

बता दें इससे पहले रविवार को देश भर के छह राज्यों के कुल 552 केंद्रों (आंध्र प्रदेश-308, अरुणाचल प्रदेश-14, कर्नाटक-64, केरल-1, मणिपुर-1 और तमिलनाडु-165) पर टीकाकरण किया गया। इनमें 17,072 लोगों के वैक्सीन लगाई गईं। वहीं, इससे पहले शनिवार को टीकाकरण अभियान की शुरुआत के पहले दिन कुल 1,98,895 लोगों को वैक्सीन लगाई गई।

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